शारिफ खान ने फीता काटकर किया महर्षि वाल्मीकि प्रकट उत्सव शोभायात्रा का शुभारंभ
शोभायात्रा में उमड़ा उत्साह, शारिफ खान ने महर्षि वाल्मीकि के आदर्शों और रामायण के महत्व पर डाला प्रकाश
सैफनी। 26 अक्टूबर 2026 नगर में सोमवार को महर्षि वाल्मीकि प्रकट उत्सव के अवसर पर भव्य शोभायात्रा निकाली गई। युवा नेता शारिफ खान ने फीता काटकर शोभायात्रा का शुभारंभ किया। इसके बाद शोभायात्रा नगर के विभिन्न परंपरागत मार्गों से होकर गुजरी। इस दौरान समाज के लोगों में उत्साह देखने को मिला। शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय थाना पुलिस के साथ अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात रहा।
शुभारंभ के अवसर पर शारिफ खान ने महर्षि वाल्मीकि के जीवन, उनके साहित्यिक योगदान और आदर्शों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महर्षि वाल्मीकि का भारतीय संस्कृति और साहित्य में विशिष्ट स्थान है। उन्हें संस्कृत का आदि कवि माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, उन्होंने रामायण महाकाव्य की रचना की, जिसमें भगवान श्रीराम के जीवन, आदर्शों, मर्यादा और कर्तव्यनिष्ठा का वर्णन मिलता है।
उन्होंने कहा कि महर्षि वाल्मीकि की शिक्षाएं सत्य, सदाचार, ज्ञान और मानवता का संदेश देती हैं। उनका जीवन समाज को अच्छे कर्म करने और आदर्शों के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। वाल्मीकि प्रकट उत्सव जैसे आयोजन नई पीढ़ी को महर्षि वाल्मीकि के जीवन, विचारों और भारतीय संस्कृति में उनके योगदान से परिचित कराने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
शोभायात्रा के दौरान आयोजन को लेकर लोगों में खासा उत्साह दिखाई दिया। कार्यक्रम में कमेटी अध्यक्ष राजेश वाल्मीकि, उपाध्यक्ष रामचरन वाल्मीकि, शोभायात्रा अध्यक्ष दिवाकर, नरेश, महेश, रामोतार, प्रमोद, रंजीत, नाजिम, पूर्व सभासद आलेहसन सहित कमेटी के पदाधिकारी और अन्य लोग मौजूद रहे।
